नोएडा निवासी कमल की दिल्ली में एक खुले गड्ढे में गिरकर मौत हो गई। घटना रोहिणी इलाके की है, जहां कमल अपने दफ्तर से घर लौट रहा था। परिजनों का कहना है कि उन्होंने तय समय तक उसके घर न पहुँचने पर उसकी तलाश शुरू की, लेकिन पुलिस के कई थानों में शिकायत दर्ज कराने के बावजूद शुरुआती रात में कोई कार्रवाई नहीं हुई। परिजन बताते हैं कि रातभर वे जनकपुरी, सागरपुर, विकासपुरी और रोहिणी समेत कई थानों के चक्कर लगाते रहे। पुलिस ने उन्हें कहा कि गुमशुदगी की शिकायत 24 घंटे बाद ही दर्ज की जा सकती है। हालांकि, परिजन का कहना है कि कमल का मोबाइल चालू था और लोकेशन ट्रैक की जा सकती थी, लेकिन पुलिस ने इसमें मदद नहीं की। सुबह करीब 7:30 बजे पुलिस ने बताया कि कमल अपनी बाइक के साथ एक खुले गड्ढे में गिरा मिला, जिससे उसकी मौत हो चुकी थी। परिवार ने जल बोर्ड और अन्य विभागों की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया। साथ ही यह भी आशंका जताई कि यह केवल दुर्घटना नहीं बल्कि किसी साजिश का हिस्सा भी हो सकता है। परिवार और पुलिस की प्रतिक्रिया: लापरवाही या हादसा? कमल रोज़ाना उसी रास्ते से घर आता था और देर होने पर परिजन तुरंत चिंतित हो गए। परिजनों ने कहा कि सड़क पर सुरक्षा इंतज़ाम न होना और गड्ढे के आसपास चेतावनी न होना हादसे का मुख्य कारण हो सकता है। पुलिस ने कहा कि घटना की संपूर्ण जांच की जा रही है और हर पहलू पर ध्यान दिया जाएगा। परिवार और दोस्त चाहते हैं कि ऐसी घटनाओं में जल्द से जल्द कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में इसी तरह की दुर्घटनाओं से बचा जा सके। इस मामले में शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि सड़क पर गड्ढा खुला छोड़ा गया था और सुरक्षा उपाय पर्याप्त नहीं थे। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। Post navigation भारत टैक्सी लॉन्च: ओला-उबर को टक्कर देने आई देश की पहली को-ऑपरेटिव ऐप! ‘बच्ची नाबालिग, इसलिए प्रेग्नेंसी अवैध, सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला