यूपी ब्यूरो, नितिन अग्रहरि उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में अवैध कब्जा हटाने गई राजस्व टीम पर अचानक हमला होने का मामला सामने आया है। प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई के दौरान कुछ अराजक तत्वों ने पुलिस और राजस्व विभाग की टीम पर पथराव कर दिया। इस घटना से मौके पर अफरा-तफरी मच गई, हालांकि पुलिस ने हालात को नियंत्रित करते हुए बड़ी कार्रवाई की है। घटना थाना सैनी क्षेत्र के ग्राम गोराहर मजरा रामपुर धमावा की है। मिली जानकारी के अनुसार 21 फरवरी को सिराथू क्षेत्र के नेतृत्व में राजस्व विभाग और सैनी थाना पुलिस की संयुक्त टीम गांव में अवैध कब्जा हटाने और अवैध निर्माण को नियमानुसार सील करने की कार्रवाई करने पहुंची थी। प्रशासन का कहना है कि यह कार्रवाई पूर्व निर्धारित थी और संबंधित पक्षों को इसकी जानकारी भी दी गई थी। कार्रवाई के दौरान अचानक लगभग 15 से 20 लोग मौके पर एकत्र हो गए और विरोध करने लगे। देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई और कुछ लोगों ने उग्र रूप धारण कर लिया। आरोप है कि इन लोगों ने सरकारी कार्य में बाधा डालते हुए पुलिस और राजस्व टीम पर ईंट-पत्थरों से हमला कर दिया। अचानक हुए पथराव से मौके पर अफरा-तफरी मच गई और टीम के सदस्यों को अपनी सुरक्षा के लिए सतर्क होना पड़ा। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, हालात को बिगड़ता देख स्थानीय पुलिस ने मोर्चा संभाला और संयम के साथ स्थिति को काबू में किया। आवश्यक होने पर हल्का बल प्रयोग भी किया गया, जिसके बाद भीड़ तितर-बितर हो गई। प्रशासन का कहना है कि सरकारी कार्य में बाधा डालना और संयुक्त टीम पर हमला करना गंभीर अपराध है, जिसे किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस मामले में नायब तहसीलदार की तहरीर पर थाना सैनी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 15 नामजद और एक अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए 8 आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया है। गिरफ्तार अभियुक्तों से पूछताछ की जा रही है और घटना में शामिल अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस का कहना है कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने, जानलेवा हमला करने और प्रशासनिक कार्रवाई में बाधा उत्पन्न करने जैसी धाराएं लगाई गई हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि किसी भी प्रकार की दोबारा अप्रिय स्थिति न पैदा हो। प्रशासन ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने और कानूनी प्रक्रिया में सहयोग करने की अपील की है। जिला प्रशासन का कहना है कि अवैध कब्जों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी। सरकारी कार्य में बाधा डालने और पुलिस पर हमला करने वालों को कानून के अनुसार सख्त सजा दिलाने की प्रक्रिया जारी है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है। आने वाले दिनों में और गिरफ्तारियां होने की संभावना जताई जा रही है। Post navigation शाहजहांपुर में गरजे अजय राय, भाजपा सरकार पर साधा निशाना 10 हजार की घूस लेते लेखपाल रंगेहाथ गिरफ्तार, विजिलेंस की बड़ी कार्रवाई