अमेठी ब्यूरो, नितेश तिवारी होली के रंगों में इस बार मिठास बनी रहे और त्योहार की खुशियों में किसी तरह की मिलावट न घुले, इसके लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने मिलावटखोरों के खिलाफ बड़ा अभियान शुरू कर दिया है। त्योहारों के मौसम में नकली और मिलावटी खाद्य पदार्थों की बिक्री को रोकने के लिए प्रदेशभर में सख्त कार्रवाई की जा रही है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीमें सभी 75 जिलों में लगातार छापेमारी कर रही हैं और संदिग्ध दुकानों की जांच की जा रही है। होली से पहले खासतौर पर मिठाइयों की गुणवत्ता पर ध्यान केंद्रित किया गया है। खोया, पनीर, छेना और सिंथेटिक रंगों से बनी मिठाइयों की गहन जांच की जा रही है। त्योहार के दौरान इन उत्पादों की मांग बढ़ जाती है, जिसका फायदा उठाकर कुछ लोग मिलावटी सामग्री बाजार में उतार देते हैं। इसी को रोकने के लिए विभाग की टीमें बाजारों, मिठाई की दुकानों और निर्माण इकाइयों में पहुंचकर सैंपलिंग कर रही हैं। अब तक प्रदेशभर में 150 से अधिक बड़ी मिठाई दुकानों और निर्माण इकाइयों को बंद कराया जा चुका है। कई स्थानों से मिठाइयों और अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने लेकर प्रयोगशालाओं में जांच के लिए भेजे गए हैं। इसी क्रम में अमेठी जनपद में भी खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम सक्रिय है। अमेठी कस्बे की विभिन्न मिठाई दुकानों में पहुंचकर खाद्य सुरक्षा अधिकारी लगातार जांच और सैंपलिंग कर रहे हैं। धम्मौर रोड स्थित राजस्थान स्वीट्स नामक दुकान की भी जांच की गई, जहां से विभिन्न मिठाइयों के नमूने एकत्र कर प्रयोगशाला भेजे गए। खाद्य सुरक्षा अधिकारी सतीश शुक्ला के अनुसार, जनपद में अब तक 15 दुकानों से नमूने लेकर जांच के लिए भेजे जा चुके हैं। इसके अलावा 30 किलो रंगीन कचरी को जब्त करने की कार्रवाई भी की गई है, जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकती थी। सरकार का साफ संदेश है कि लोगों की सेहत से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मिलावट करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का उद्देश्य है कि आम जनता तक शुद्ध और सुरक्षित खाद्य पदार्थ ही पहुंचे, ताकि त्योहार खुशी और उत्साह के साथ मनाया जा सके। अधिकारियों का कहना है कि होली त्योहार को देखते हुए जनपद की विभिन्न बाजारों में लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है और यह कार्रवाई होली तक जारी रहेगी। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे रंगीन मिठाइयों, रंगीन कचरी, चिप्स और सस्ते खाद्य तेल से बचें। खरीदारी करते समय गुणवत्ता, पैकिंग और निर्माण तिथि पर विशेष ध्यान दें। इस होली रंग जरूर उड़ाइए, लेकिन सेहत के साथ कोई समझौता मत कीजिए। प्रशासन अपनी ओर से पूरी तरह सतर्क है, अब जरूरत है कि आम नागरिक भी जागरूक बनें और केवल सुरक्षित व प्रमाणित खाद्य पदार्थ ही खरीदें, ताकि त्योहार की मिठास सच में बरकरार रहे। Post navigation बिहार बॉर्डर पर पुलिस का बड़ा एक्शन, 20 हजार लीटर लहन और 30 शराब की भट्टियां ध्वस्त Fatehpur News: यूपी बोर्ड परीक्षा में हाईटेक नकल का खुलासा, पांच साल्वर गिरफ्तार