रिपोर्ट, नितिन अग्रहरि मध्य-पूर्व में जारी तनाव और वैश्विक ऊर्जा बाजार में बढ़ती अनिश्चितता के बीच भारत सरकार ने देश में रसोई गैस (एलपीजी) की उपलब्धता को लेकर लोगों को भरोसा दिलाया है कि फिलहाल किसी तरह का गैस संकट नहीं है। अधिकारियों का कहना है कि देश की सभी रिफाइनरियां पूरी क्षमता के साथ काम कर रही हैं और घरेलू गैस की आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है। सरकार ने यह भी साफ किया है कि गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। सरकारी सूत्रों के मुताबिक मौजूदा हालात को देखते हुए देश में एलपीजी का घरेलू उत्पादन लगभग 30 फीसदी तक बढ़ाया गया है, ताकि आपूर्ति पर किसी प्रकार का दबाव न पड़े। इसके साथ ही वितरण व्यवस्था को भी मजबूत किया गया है। बताया जा रहा है कि पूरे देश में रोजाना करीब 75 लाख गैस सिलेंडर की बुकिंग हो रही है और कंपनियां लगातार इनकी डिलीवरी सुनिश्चित करने में जुटी हुई हैं। अधिकारियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों के कारण लोगों के बीच गैस की उपलब्धता को लेकर आशंका पैदा हो गई है, जिसके चलते कई जगहों पर पैनिक बुकिंग की स्थिति देखने को मिल रही है। हालांकि सरकार ने स्पष्ट किया है कि घबराने की जरूरत नहीं है। देश में एलपीजी का पर्याप्त भंडार मौजूद है और जरूरत के मुताबिक आपूर्ति की जा रही है। सरकार ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे अनावश्यक रूप से गैस सिलेंडर की बुकिंग न करें और सामान्य जरूरत के अनुसार ही सिलेंडर बुक कराएं। अधिकारियों का कहना है कि पैनिक बुकिंग की वजह से वितरण व्यवस्था पर अनावश्यक दबाव पड़ सकता है, जिससे कुछ स्थानों पर अस्थायी दिक्कतें पैदा हो सकती हैं। इसी के साथ सरकार ने गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और जमाखोरी को लेकर भी कड़ा रुख अपनाया है। राज्यों के प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि जहां कहीं भी गैस की जमाखोरी या अवैध बिक्री की शिकायत मिले, वहां तुरंत कार्रवाई की जाए। कई जगहों पर पहले ही छापेमारी कर अवैध रूप से जमा किए गए सिलेंडरों को जब्त किया गया है और संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी शुरू की गई है। तेल कंपनियों और गैस एजेंसियों को भी निर्देश दिया गया है कि वे वितरण प्रक्रिया को पारदर्शी बनाए रखें और उपभोक्ताओं को समय पर गैस सिलेंडर उपलब्ध कराएं। इसके अलावा निगरानी तंत्र को भी मजबूत किया गया है, ताकि किसी भी तरह की अनियमितता को तुरंत पकड़ा जा सके। विशेषज्ञों का कहना है कि भारत ने पिछले कुछ वर्षों में ऊर्जा आपूर्ति के क्षेत्र में अपनी क्षमता को काफी मजबूत किया है। यही कारण है कि वैश्विक संकट के बावजूद देश में ईंधन की उपलब्धता को लेकर स्थिति नियंत्रण में बनी हुई है। कुल मिलाकर सरकार का कहना है कि देश में एलपीजी की आपूर्ति पर्याप्त है और किसी तरह के संकट की स्थिति नहीं है। साथ ही लोगों से सहयोग की अपील की गई है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और सामान्य तरीके से गैस का उपयोग करें, ताकि सभी उपभोक्ताओं तक रसोई गैस की आपूर्ति सुचारू रूप से पहुंचती रहे। Post navigation KAUSHAMBI News: कटैया घाट पर ‘मशीन राज’ का आरोप: नदी की जलधारा में पोकलैंड उतारकर धड़ल्ले से बालू खनन हरदोई में कलयुगी जेठ का खूनी खेल, घरेलू विवाद में बहू की गोली मारकर हत्या