कौशांबी ब्यूरो, मोहम्मद फैज कौशाम्बी जनपद में पत्रकार उत्पीड़न के आरोपों को लेकर माहौल गरमा गया है। गुरुवार को मंझनपुर स्थित जिला मुख्यालय के डायट मैदान में जिलेभर के पत्रकारों ने पुलिस के खिलाफ अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। बड़ी संख्या में पत्रकार धरना स्थल पर पहुंचे और नारेबाजी करते हुए संदीपन घाट थाना क्षेत्र के एक मामले में इश्तियाक अहमद पर दर्ज मुकदमा वापस लेने की मांग की। पत्रकारों का कहना है कि यह कार्रवाई निष्पक्ष जांच के बिना और दबाव में की गई है, जिससे पत्रकारिता की स्वतंत्रता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। दावत में मौजूद होने का दावा धरना दे रहे पत्रकारों का आरोप है कि संदीपन घाट थाना क्षेत्र में हुई मारपीट की घटना में इश्तियाक अहमद को साजिशन फंसाया गया है। उनका कहना है कि घटना के समय इश्तियाक अहमद एक दावत समारोह में मौजूद थे और इसके बावजूद पुलिस ने उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। पत्रकारों का आरोप है कि स्थानीय नेताओं के दबाव में पुलिस ने एकतरफा कार्रवाई की है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यदि किसी व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई करनी है तो पहले तथ्यों और साक्ष्यों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए, तभी मुकदमा दर्ज किया जाना चाहिए। धरना स्थल पर जिले की विभिन्न तहसीलों और ब्लॉकों से पत्रकार लगातार पहुंच रहे हैं। पत्रकार संगठनों ने इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताया है। उनका कहना है कि बिना ठोस जांच के किसी पत्रकार के खिलाफ मुकदमा दर्ज करना अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और निष्पक्ष पत्रकारिता पर हमला है। पत्रकारों ने पुलिस प्रशासन को चेतावनी दी है कि भविष्य में किसी भी मामले में कार्रवाई करने से पहले तथ्यों की पुष्टि की जाए और निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जाए। आंदोलन तेज करने की चेतावनी प्रदर्शन कर रहे पत्रकारों ने स्पष्ट कहा है कि जब तक इश्तियाक अहमद पर दर्ज मुकदमा वापस नहीं लिया जाता और मामले की निष्पक्ष जांच नहीं कराई जाती, तब तक उनका धरना जारी रहेगा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने जल्द कोई ठोस कदम नहीं उठाया तो आंदोलन को और व्यापक किया जाएगा। फिलहाल प्रशासन की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन पत्रकारों का कहना है कि वे न्याय मिलने तक पीछे नहीं हटेंगे और अपने अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेंगे। Post navigation बी.पैक्स रामपुर कोमरमेना में बवाल, अध्यक्ष पर निजी हित साधने के आरोप मिर्जापुर कचहरी को बम से उड़ाने की धमकी, पुलिस ने खाली कराया पूरा परिसर